हरिशंकर तिवारी का जीवन परिचय, निधन | Harishankar Tiwari Biography In Hindi, Death

हरिशंकर तिवारी का जीवन परिचय, जीवनी, जन्म, शिक्षा, उम्र, परिवार, संपत्ति, राजनैतिक सफर, विवाद, मृत्यु (Harishankar Tiwari Biography In Hindi, Wiki, Family, Education, Birthday, Career, Marriage, Wife, Children, Age, Death, Death Resion, Death Place, Net Worth, Controversy, Letest News)

दोस्तों जब भी उत्तर प्रदेश की राजनीति की बात की जाती है तो लोगों के जहन में है अतीक अहमद जैसे बाहुबली नेताओं की छवि सामने आती है।

उत्तर प्रदेश के इन्हीं बाहुबली नेताओं में से एक है पंडित हरिशंकर तिवारी और ऐसा माना जाता है कि उत्तर प्रदेश में बाहुबली राजनीति या सियासत के अपराधीकरण की शुरुआत हरिशंकर तिवारी और वीरेंद्र शाही की अदावत से हुई थी।

ऐसा भी कहा जाता है कि उत्तर प्रदेश में पहली बार माफिया शब्द का इस्तेमाल पूर्वांचल के इन्हीं बाहुबली नेता के लिए किया गया था जो उत्तर प्रदेश की राजनीति में सक्रिय रहे और उन्हें उत्तर प्रदेश की राजनीति को बदलने वाला नाम माना जाता रहा है।

तो दोस्तों आज के अपने लेख हरिशंकर तिवारी का जीवन परिचय (Harishankar Tiwari Biography In Hindi) में हम आप को उनके बारे में बहुत सी जानकारियां देंगे तो आइए जानते हैं उनके बारे में-

हरिशंकर तिवारी का जीवन परिचय, निधन | Harishankar Tiwari Biography In Hindi, Death

पंडित हरिशंकर तिवारी कौन है? (Who Is Harishankar Tiwari?)

वर्ष 1933 में उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में जन्मे हरिशंकर तिवारी समाजवादी पार्टी से संबंधित एक भारतीय राजनीतिज्ञ और गैंगस्टर थे और वह चिल्लूपार, गांव टांडा से उत्तर प्रदेश विधानसभा के सदस्य थे।

दोस्तों उनके परिवार के बारे में अत्यधिक जानकारी सामने नहीं आई है परंतु इतना पता चला है कि उनका परिवार उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक लंबे समय से सक्रिय है।

तो वही बाहुबली नेता के रूप में अपनी पहचान रखने वाले हरिशंकर तिवारी ने छात्र जीवन से ही अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत की थी और विभिन्न पार्टियों की ओर से चुनाव लती हुई आज इस मुकाम तक पहुंचे थे।

हरिशंकर तिवारी का जीवन परिचय

नाम (Name)पंडित हरिशंकर तिवारी
पेशा (Profession)राजनीतिज्ञ
प्रसिद्ध (Famous For)उत्तर प्रदेश के बाहुबली नेता के रूप में
जन्म (Date Of Birth)वर्ष 1933
जन्म स्थान (Birth Place)गोरखपुर, उत्तर प्रदेश, भारत
धर्म (Religion)हिंदू
जाति (Cast)ब्राह्मण
उम्र (Age)90 वर्ष (2023 के अनुसार)
नागरिकता (Nationality)भारतीय
गृह नगर (Home Town)गोरखपुर,उत्तर प्रदेश, भारत
लंबाई (Height)(लगभग) 5 फुट 6 इंच
आंखों का रंग (Eyes Colour)काला
बालों का रंग (Hair Colour)काला और सफेद
शैक्षिक योग्यता (Education)ज्ञात नहीं
वैवाहिक स्थिति (Marital Status)विवाहित
कुल संपत्ति (Net Worth)$7.50 मिलियन
मृत्यु (Death, Death date)16 मई 2023
मृत्यु का कारण (Death Resion)प्राकृतिक

हरिशंकर तिवारी की शिक्षा (Harishankar Tiwari Education)

दोस्तों हरिशंकर तिवारी जी ने अपनी स्कूली शिक्षा को पूर्ण करने के बाद कॉलेज तक की शिक्षा को ग्रहण किया है और कॉलेज के समय से ही एक छात्र नेता के रूप में अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत की थी।

हरिशंकर तिवारी का परिवार (Harishankar Tiwari Family)

पिता का नाम (Father’s Name)ज्ञात नहीं
माता का नाम (Mother’s Name)ज्ञात नहीं
बहन का नाम (Sister’s Name)ज्ञात नहीं
भाई का नाम (Brother’s Name)ज्ञात नहीं
पत्नी का नाम (Wife’s Name)ज्ञात नहीं
बेटी का नाम (Daughter’s Name)ज्ञात नहीं
बेटे का नाम (Son’s Name)1. भीष्म शंकर तिवारी,
2. विनय शंकर तिवारी

हरिशंकर तिवारी की पत्नी, बच्चे (Harishankar Tiwari Wife, Children)

पंडित हरिशंकर तिवारी की पत्नी एक सरल स्वभाव की कुशल ग्रहणी महिला थी और उनके दो पुत्र हैं जिनके नाम विनय शंकर तिवारी और भीष्म शंकर तिवारी हैं।

उनके पुत्र भीष्म शंकर तिवारी गोरखपुर की पश्चिम में संत कबीर नगर सीट से सांसद थे व उनके दूसरे पुत्र विनय शंकर तिवारी गोरखपुर से खड़े हुए परंतु

वह योगी आदित्यनाथ से हार गए और फिर 2007 में बलिया से एक अपवाह चुनाव भी हार गए थे और फिर 2018 से 2022 तक चिल्लूपार से विधायक रहे।

हरिशंकर तिवारी का राजनीतक सफर (Harishankar Tiwari Political Journey)

हरिशंकर तिवारी सर्वप्रथम गोरखपुर विश्वविद्यालय के छात्र नेता के रूप में बनकर उभरे थे परंतु उस समय छात्र संघ की राजनीति केवल कॉलेज तक सीमित नहीं थी बल्कि वह परिसर से बाहर भी फैली हुई थी।

ऐसा कहा जाता है कि उस दौरान हरिशंकर तिवारी के प्रतिद्वंदी थे बलवंत सिंह और बलवंत सिंह को ठाकुर वीरेंद्र प्रताप शाही का पूरा सहयोग था।

हरिशंकर तिवारी और बलवंत सिंह के बीच अक्सर भिड़ंत तो होती रहती थी और धीरे-धीरे वही यह भिड़ंत ठाकुर बनाम ब्राह्मणों की लड़ाई में बदल गई।

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परंतु पंडित हरिशंकर तिवारी धीरे-धीरे लोगों के बीच अपनी पैठ बनाने में लगे रहे और उस दौरान तक उनके खिलाफ दर्जनों केस दर्ज हो चुके थे परंतु उनकी लोगों के बीच में एक रॉबिनहुड वाली छवि थी क्योंकि

वह लोगों की आर्थिक मदद करते उनकी परेशानियों को सुनते जनता दरबार लगाते और इन्हीं सब चीजों का फायदा उन्हें भविष्य की राजनीति में मिला।

इसके बाद उन्होंने चिल्लू पार विधानसभा सीट से अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत वर्ष 1985 में की और 2007 तक लगातार वह उस सीट से विधायक रहे।

वर्ष 2007 के बाद उनका राजनीतिक ग्राफ नीचे आने लगा और वर्ष 2012 में भी वह चुनाव हार गए हालांकि वर्ष 2017 में उन्होंने बीएसपी सीट से अपने बेटे विनय शंकर तिवारी को टिकट दिलवा और खुद भी जीत गए।

हरिशंकर तिवारी का जीवन परिचय, निधन | Harishankar Tiwari Biography In Hindi, Death
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हरिशंकर तिवारी की मृत्यु (Harishankar Tiwari Death)

उत्तर प्रदेश की सियासत के 1 बड़े चेहरे और बाहुबली नेता पंडित हरिशंकर तिवारी ने जब 90 वर्ष की उम्र में अंतिम सांस ली और यह खबर लोगों के बीच में सामने आई।

तो धर्मशाला स्थित उनके आवास पर कार्यकर्ताओं से लेकर समर्थकों की भीड़ लग गई और उनके निधन के बाद पूरे परिवार व उनके समर्थकों में शोक की लहर देखने को मिली, आपको बता दें कि बीते वर्ष भी उनके निधन की अफवाह उड़ी थी।

हरिशंकर तिवारी की कुल संपत्ति (Harishankar Tiwari Net Worth)

विभिन्न माध्यमों से प्राप्त जानकारी के अनुसार वर्ष 2023 में हरिशंकर तिवारी जी कुल संपत्ति $7.50 मिलियन है, जो कि भारतीय रुपयों में ₹60 करोड़पति है।

कुल संपत्ति (Net Worth -2023)$7.50 मिलियन
कुल संपत्ति भारतीय रुपयों में (Net Worth In Indian Rupees)₹60 करोड़
वार्षिक आय (Yearly Income)ज्ञात नहीं
मासिक आय (Monthly Income)ज्ञात नहीं
आय के स्रोत (Income Source)ज्ञात नहीं

हरिशंकर तिवारी से जुड़े कुछ महत्वपूर्ण रोचक तथ्य-

  • हरिशंकर तिवारी का जन्म और पालन-पोषण उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में एक हिंदू ब्राह्मण परिवार में हुआ है।
  • उन्होंने छात्र राजनीति से अपनी राजनीति की शुरुआत की थी।
  • उन्होंने वर्ष 1985 में अपना पहला चुनाव लड़ा और जीता था।
  • संभवत हुए भारतीय राजनीति के पहले नेता थे जिन्होंने जेल से चुनाव लड़कर जीत दर्ज की थी।
  • वह गैंगस्टर से एक राजनेता बने थे वह एक बाहुबली नेता के रूप में अपनी छवि रखते थे।
  • हरिशंकर तिवारी 5 बार कैबिनेट मंत्री हुआ 6 बार विधायक रहे हैं।
  • पूर्वांचल के लोगों में उनकी छवि एक रॉबिनहुड के रूप में थी।
  • वस लोगों की आर्थिक मदद करना, उनकी परेशानियों को सुनना, जनता दरबार लगाना जैसी चीजों से हमेशा जुड़े रहे।
  • उन्होंने उत्तर प्रदेश की राजनीति में अपनी ऐसी पहचान बनाई थी कि कई सरकारों में उन्हें मंत्री बनने का मौका पाया।
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FAQ:

हरिशंकर तिवारी कौन थे?

वर्ष 1933 में उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में जन्मे हरिशंकर तिवारी समाजवादी पार्टी से संबंधित एक भारतीय राजनीतिज्ञ और गैंगस्टर थे और वह चिल्लूपार, गांव टांडा से उत्तर प्रदेश विधानसभा के सदस्य थे।

हरिशंकर तिवारी की मृत्यु कब हुई?

उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक बाहुबली नेता के रूप में अपनी पहचान रखने वाले हरिशंकर तिवारी ने 16 मई 2023 को अपने निवास स्थान पर अपनी अंतिम सांस ली।

हरिशंकर तिवारी की उम्र कितनी थी?

बाहुबली नेता हरिशंकर तिवारी की उम्र वर्ष 2023 के अनुसार 90 वर्ष थी।

पंडित हरिशंकर तिवारी की नेटवर्थ कितनी है?

प्राप्त जानकारी के अनुसार वर्ष 2023 में हरिशंकर तिवारी जी कुल संपत्ति $7.50 मिलियन है जो कि भारतीय रुपयों में ₹60 करोड़पति है।

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निष्‍कर्ष

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